सुपौल जिले के सदर प्रखंड क्षेत्र के बरैल गांव के दुर्गा स्थान प्रांगण में जनसुराज बिहार बदलाव जनसभा का भव्य आयोजन किया गया। इस जनसभा का आयोजन जनसुराज अभियान के तहत किया गया, जिसका उद्देश्य बिहार में सामाजिक, शैक्षणिक और आर्थिक बदलाव लाना है। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में जनसुराज पार्टी के प्रदेश महासचिव सरवर अली ने शिरकत की उनके आगमन पर जनसुराज के कार्यकर्ताओं और स्थानीय ग्रामीणों ने फूल-मालाओं और नारों के साथ उनका भव्य स्वागत किया।
सभा को संबोधित करते हुए सरवर अली ने कहा कि बिहार की जनता लंबे समय से मूलभूत सुविधाओं से वंचित है। उन्होंने कहा कि आज भी बिहार के लाखों मजदूर रोजगार के लिए दूसरे राज्यों का रुख करने को मजबूर हैं। यह पलायन राज्य की असफल नीतियों का नतीजा है। अगर सरकार सही दिशा में काम करती, तो बिहार के लोग अपने गांव-घर में ही अपने परिवार के साथ रहकर सम्मानजनक जीवन जी सकते थे।
उन्होंने शिक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े किए। सरवर अली ने कहा कि आज बिहार के स्कूलों में शिक्षा से ज्यादा ध्यान खिचड़ी वितरण पर दिया जा रहा है। सरकारी स्कूलों में पढ़ाई के नाम पर खानापूर्ति हो रही है, जिससे छात्रों का भविष्य अंधकार में जा रहा है। उन्होंने कहा कि यह स्थिति बिहार के लिए बेहद चिंताजनक है और अब बदलाव की आवश्यकता है।
राजनीति पर तीखा हमला बोलते हुए उन्होंने कहा कि बिहार की जनता ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को वोट दिया तो राम मंदिर बन गया, लेकिन रोज़गार और शिक्षा के मुद्दे अब भी अधूरे हैं। नीतिश कुमार को जातिगत समीकरण के आधार पर वोट मिला, और जातीय जनगणना कर दी गई, लेकिन युवाओं के लिए न रोजगार है, न उज्जवल भविष्य की कोई गारंटी। उन्होंने कहा कि बिहार के वोट से दूसरे राज्यों में उद्योग लग रहे हैं, और हमारे बच्चे वहां मजदूरी करने जा रहे हैं। यह स्थिति कब तक चलेगी
सरवर अली ने मंच से बिहार की जनता से अपील करते हुए कहा कि अब समय आ गया है कि लोग अपने बच्चों के भविष्य को ध्यान में रखकर मतदान करें। जाति, धर्म और पार्टी से ऊपर उठकर केवल विकास, शिक्षा और रोजगार के मुद्दे पर वोट करें। उन्होंने कहा कि अगर बिहार को बदलना है, तो जनसुराज की इस लड़ाई में हर नागरिक को भागीदारी निभानी होगी।
सभा में बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामीण, महिलाएं, युवा और बुद्धिजीवी वर्ग शामिल हुए। लोगों में इस अभियान को लेकर उत्साह देखा गया। कार्यक्रम के अंत में कार्यकर्ताओं ने संकल्प लिया कि वे गांव-गांव जाकर बदलाव की इस मुहिम को मजबूत करेंगे और जनता को जागरूक करेंगे।
यह जनसभा न सिर्फ एक राजनैतिक आयोजन था, बल्कि यह बिहार के भविष्य को लेकर एक जनचेतना का उद्घोष भी था।
बाइट ----सरवर अली, प्रदेश महासचिव, जनसुराज पार्टी
बाइट --अनिल सिँह, जनसुराज के सुपौल विधानसभा के संभावित प्रत्याशी
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